बोकारो । बिजली दर में की गई बढ़ोतरी और स्मार्ट मीटर लगाए जाने के खिलाफ भाजपा ने पूरे झारखंड में आंदोलन करने की घोषणा की है। बोकारो भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ सुरेंद्र राज की अगुवाई में आज भाजपा कार्यकर्ताओं ने बोकारो बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता (SE) के कार्यालय पहुंचकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया और जोरदार नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर जनता का शोषण करने का आरोप लगाया।
झारखंड राज्य विद्युत नियामक आयोग (JSERC) ने 25 मार्च 2026 को बिजली दरों में औसतन 6.12 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दी थी, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू हो गई है। JBVNL ने 59 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी का प्रस्ताव दिया था, लेकिन आयोग ने इसे सीमित रखा।
ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं के लिए प्रति यूनिट दर 6.70 रुपये से बढ़कर 7.20 रुपये और शहरी क्षेत्र में 6.85 रुपये से बढ़कर 7.40 रुपये हो गई है। बोकारो-धनबाद क्षेत्र में DVC आपूर्ति वाले उपभोक्ताओं पर यह बोझ और भी भारी पड़ रहा है।
इस दौरान भाजपा नेताओं ने कहा कि सरकार चुनाव के दौरान झूठे वादे कर सत्ता हासिल करने के बाद अब जनता को बिजली बिल में बढ़ोतरी के जरिए शोषण कर रही है। भाजपा ने सरकार से बढ़ी हुई बिजली दरों को तुरंत वापस लिए जाने की मांग की है।
साथ ही स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया पर भी तीखा हमला बोला गया। राज्य भर में स्मार्ट मीटर लगने के बाद उपभोक्ताओं को गलत बिलिंग, पुराने बकाये की मांग, बिना सूचना कनेक्शन कटौती और तकनीकी खामियों की शिकायतें बढ़ गई हैं।
धनबाद में तो 20 हजार से ज्यादा कनेक्शन काटे जाने की घटनाएं सामने आई हैं। भाजपा का आरोप है कि स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को और परेशान कर रहा है, न कि राहत दे रहा है।
“सरकार ने सत्ता में आने के लिए जनता से झूठे वादे किए, लेकिन अब बिजली बिल बढ़ाकर और स्मार्ट मीटर थोपकर आम आदमी का शोषण कर रही है। हम इस बढ़ोतरी को वापस लेने और स्मार्ट मीटर लगाने पर रोक लगाने की मांग करते हैं। अगर सरकार नहीं मानी तो आंदोलन और तेज होगा।”
— डॉ सुरेंद्र राज, भाजपा जिला अध्यक्ष, बोकारो
“बोकारो समेत पूरे झारखंड में बिजली दर बढ़ोतरी और स्मार्ट मीटर से उपभोक्ता त्रस्त हैं। सरकार को तुरंत इन फैसलों पर पुनर्विचार करना चाहिए, वरना जनता का आक्रोश बढ़ेगा।”
— एंजेला सिंह, जिला मंत्री, भाजपा
अब यह देखना रोचक होगा कि भाजपा के इस प्रदर्शन के बाद और आने वाले दिनों में बिजली दरों में बढ़ोतरी को वापस लिए जाने की मांग पर भाजपाइयों के अड़े रहने और आंदोलन किए जाने की चेतावनी बोकारो बिजली विभाग और राज्य सरकार पर कोई दबाव बना पाएगी?
तबतक सवाल बने रहेंगे कि आखिर उपभोक्ताओं की परेशानी कब तक चलेगी? क्या बिजली दर बढ़ोतरी और स्मार्ट मीटर की समस्या का कोई समाधान निकल पाएगा?
